सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग द्वारा लाईट्स पोर्टल प्रशिक्षण दिया
22/07/20259:45 PMTotal Views: 11141
सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग द्वारा लाईट्स पोर्टल प्रशिक्षण दिया
भरतपुर, 22 जुलाई। राज्य स्तर से लाईट्स (मुकदमेबाजी सूचना ट्रैकिंग और मूल्यांकन प्रणाली) पोर्टल का प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में सभी विभागों के कार्मिकों को सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग के वीसी रूम में प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस प्रशिक्षण में विभागीय कार्मिकों को न्यायालय में दर्ज मुकदमों की प्रविष्टि करने एवं उनकी रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया विस्तार से समझाई गई।
एसीपी पुष्पेन्द्र कुंतल ने बताया कि लाईट्स राजस्थान के विधि एवं न्याय विभाग द्वारा विकसित एक वेब-आधारित एप्लिकेशन है। जो राज्य सरकार से संबंधित मुकदमों के प्रबंधन और निगरानी के लिए केंद्रीकृत प्लेटफॉर्म के रूप में कार्य करता है। उन्होंने बताया कि इसका उद्देश्य कार्यक्षमता में सुधार, मुकदमेबाजी की लागत में कमी और समय पर जानकारी उपलब्ध कराकर प्रभावी निर्णय लेने में सहायता करना है।
लाईट्स की प्रमुख विशेषताएं एवं उद्देश्य-
एसीपी ने बताया कि लाईट्स पोर्टल केंद्रीकृत डाटाबेस सभी मुकदमेबाजी संबंधी जानकारी को एक स्थान पर उपलब्ध कराता है। प्रगति की निगरानी रखकर मुकदमों की स्थिति और परिणामों का ट्रैकिंग एवं मॉनिटरिंग संभव करता है। मुकदमेबाजी में कमी करते हुये स्पष्ट आंकड़ों के माध्यम से अनावश्यक मुकदमों को कम करने में मदद करता है। इसके माध्यम से मुकदमों की लागत में कमी लाकर कार्यप्रणाली को सुव्यवस्थित कर मुकदमेबाजी की लागत घटाता है। उन्होंने बताया कि प्रभावी योजना निर्माण द्वारा उपलब्ध डाटा के आधार पर बेहतर योजना एवं नियंत्रण किया जाता है। इसमें यूजर प्रबंधन उपयोगकर्ताओं को जोड़ने, निष्क्रिय करने एवं भूमिकाएं निर्धारित करने की सुविधायें हैं। पोर्टल एमआईएस रिपोर्ट्स विभिन्न रिपोर्ट्स जैसे प्रविष्टि स्थिति, लंबित कार्य एवं लॉगिन रिपोर्ट तैयार करता है। प्रशिक्षण में भरतपुर से मास्टर ट्रेनर एसीपी पुष्पेन्द्र कुंतल के साथ चिकित्सा, राजस्व, पीएचईडी, शिक्षा, परिवहन, यातायात, एवं वन आदि विभागों के कर्मचारी उपस्थित रहे।
ये ख़बर आपने पढ़ी देश के तेजी से बढ़ते सबसे लोकप्रिय हिंदी न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म पर ,आज तेजी से बदलते परिवेश में जहां हर क्षेत्र का डिजिटलीकरण हो रहा है, ऐसे मेंहमारा यह नएवस पोर्टल सटीक समाचार और तथ्यात्मक रिपोर्ट्स लेकर आधुनिकतकनीक से लैस अपने डिजिटल प्लेटफार्म पर प्रस्तुत है। अपने निडर, निष्पक्ष, सत्य और सटीक लेखनी के साथ मैंप्रधान संपादक कुमार दीपकऔर मेरे सहयोगी अब24x7 आप तक पूरे देश विदेश की खबरों को पहुंचाने के लिए कटिबद्ध हैं।
खबर में दी गई जानकारी और सूचना से क्या आप संतुष्ट हैं? अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग द्वारा लाईट्स पोर्टल प्रशिक्षण दिया
राजस्थान बेधड़क न्यूज से ब्रेकिंग न्यूज़:
भारत में सशक्त मीडिया सेंटर व निष्पक्ष पत्रकारिता को समाज में स्थापित करना हमारे वेब मीडिया न्यूज़ चैनल का विशेष लक्ष्य है। खबरों के क्षेत्र में नई क्रांति लाने के साथ-साथ असहायों व जरूरतमंदों का भी सभी स्तरों पर मदद करना, उनको सामाजिक सुरक्षा देना भी हमारे उद्देश्यों की प्रमुख प्राथमिकताओं में मुख्य रूप से शामिल है। ताकि सर्व जन हिताय और सर्व जन सुखाय की संकल्पना को साकार किया जा सके।
सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग द्वारा लाईट्स पोर्टल प्रशिक्षण दिया
भरतपुर, 22 जुलाई। राज्य स्तर से लाईट्स (मुकदमेबाजी सूचना ट्रैकिंग और मूल्यांकन प्रणाली) पोर्टल का प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में सभी विभागों
के कार्मिकों को सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग के वीसी रूम में प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस प्रशिक्षण में विभागीय कार्मिकों को न्यायालय में दर्ज
मुकदमों की प्रविष्टि करने एवं उनकी रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया विस्तार से समझाई गई।
एसीपी पुष्पेन्द्र कुंतल ने बताया कि लाईट्स राजस्थान के विधि एवं न्याय विभाग द्वारा विकसित एक वेब-आधारित एप्लिकेशन है। जो राज्य सरकार से संबंधित
मुकदमों के प्रबंधन और निगरानी के लिए केंद्रीकृत प्लेटफॉर्म के रूप में कार्य करता है। उन्होंने बताया कि इसका उद्देश्य कार्यक्षमता में सुधार,
मुकदमेबाजी की लागत में कमी और समय पर जानकारी उपलब्ध कराकर प्रभावी निर्णय लेने में सहायता करना है।
लाईट्स की प्रमुख विशेषताएं एवं उद्देश्य-
एसीपी ने बताया कि लाईट्स पोर्टल केंद्रीकृत डाटाबेस सभी मुकदमेबाजी संबंधी जानकारी को एक स्थान पर उपलब्ध कराता है। प्रगति की निगरानी रखकर मुकदमों की
स्थिति और परिणामों का ट्रैकिंग एवं मॉनिटरिंग संभव करता है। मुकदमेबाजी में कमी करते हुये स्पष्ट आंकड़ों के माध्यम से अनावश्यक मुकदमों को कम करने में मदद
करता है। इसके माध्यम से मुकदमों की लागत में कमी लाकर कार्यप्रणाली को सुव्यवस्थित कर मुकदमेबाजी की लागत घटाता है। उन्होंने बताया कि प्रभावी योजना
निर्माण द्वारा उपलब्ध डाटा के आधार पर बेहतर योजना एवं नियंत्रण किया जाता है। इसमें यूजर प्रबंधन उपयोगकर्ताओं को जोड़ने, निष्क्रिय करने एवं भूमिकाएं
निर्धारित करने की सुविधायें हैं। पोर्टल एमआईएस रिपोर्ट्स विभिन्न रिपोर्ट्स जैसे प्रविष्टि स्थिति, लंबित कार्य एवं लॉगिन रिपोर्ट तैयार करता है।
प्रशिक्षण में भरतपुर से मास्टर ट्रेनर एसीपी पुष्पेन्द्र कुंतल के साथ चिकित्सा, राजस्व, पीएचईडी, शिक्षा, परिवहन, यातायात, एवं वन आदि विभागों के कर्मचारी
उपस्थित रहे।