गर्भवती महिलाओं की सघन हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान* *प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान आज* *प्रत्येक गर्भवती महिला की होगी स्वास्थ्य जांच* – राजस्थान बेधड़क न्यूज
भरतपुर, 17 जुलाई। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने एवं मातृ मृत्यु को कम करने के लिए राज्य सरकार के निर्देशो पर आगामी 18 जुलाई तक चलाये जा रहे गर्भवती महिलाओं के सघन हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान के तहत प्रत्येक गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य जांच हेतु गुरुवार को जिलेभर में मातृ शिशु स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस का आयोजन आंगनबाड़ी केन्द्रो एवं सामुदायिक स्थानों पर आयोजित किये गये। जिसमें उत्साहपूर्वक गर्भवती महिलायें एवं प्रसुता महिलाओं सहित बच्चे पहुंचे और प्रसव पूर्व, प्रसव पश्चात जांच सहित विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं से लाभान्वित हुये। शनिवार 18 जुलाई को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान का जिले के चिकित्सा संस्थानों में आयोजन किया जाएगा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गौरव कपूर ने बताया कि 5 दिवसीय अभियान के अंतर्गत आज 18 जुलाई को जिले के सभी सरकारी चिकित्सा संस्थानों एवं स्वास्थ्य केंद्रों पर जांच एवं परामर्श शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में गर्भवती महिलाओं को निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण प्रसवपूर्व स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण किए जाएंगे। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गर्भवती महिलाओं की विशेष रूप से गर्भावस्था की द्वितीय और तृतीय तिमाही में प्रत्येक माह की 9 तारीख को निशुल्क एवं गुणवत्ता पूर्ण प्रसव देखभाल सेवाएं प्रदान करना है। इसके अतिरिक्त विस्तारित प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत प्रत्येक माह की 18 व 27 तारीख को नाम आधारित उच्च जोखिम गर्भावस्था की ट्रैकिंग, अतिरिक्त फॉलोअप विजिट, रेफरल सहायता तथा प्रसव के बाद लगातार 45 दिनों तक की जा रही है।
उन्होंने बताया कि अभियान और अभियान के दौरान प्रदान की जाने वाले सेवाओं के प्रति जागरूकता बढाना ही पीएमएसएमए का प्रमुख उद्देश्य है। ताकि सम्मानजनक और संवेदनशील मातृ स्वास्थ्य सेवाओं को प्रोत्साहित किया जा सके। उन्होंने जिले की सभी गर्भवती महिलाओं से अपील की कि वे 18 जुलाई को अपने निकटतम सरकारी स्वास्थ्य संस्थान पर पहुंचकर अभियान के तहत उपलब्ध निःशुल्क सेवाओं का लाभ अवश्य लें।
जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमर सिंह बताया कि 18 जुलाई को प्रत्येक मेडिकल कॉलेज, जिला व उपजिला चिकित्सालय, सीएचसी, प्रथम रेफरल इकाइयों और पीएचसी पर पीएमएसएमए दिवस का आयोजन किया जाएगा। जिसमें प्रसूति और स्त्री रोग संबंधित सभी स्पेशलिस्ट मौजूद रहकर आवश्यक जांच व उपचार करेंगे। इसके अलावा आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर भी विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। विशेष शिविरों में गर्भवती महिलाओं की रक्तचाप, हीमोग्लोबिन, रक्त शर्करा सहित विभिन्न आवश्यक स्वास्थ्य जांचें की जाएंगी। साथ ही उच्च जोखिम गर्भावस्था (एचआरपी) की पहचान कर आवश्यक उपचार, परामर्श एवं रेफरल सेवाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने बताया कि आशा, एएनएम एवं अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को अधिकाधिक गर्भवती महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
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गर्भवती महिलाओं की सघन हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान* *प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान आज* *प्रत्येक गर्भवती महिला की होगी स्वास्थ्य जांच*
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*गर्भवती महिलाओं की सघन हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान*
*प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान आज*
*प्रत्येक गर्भवती महिला की होगी स्वास्थ्य जांच*
भरतपुर, 17 जुलाई। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने एवं मातृ मृत्यु को कम करने के लिए राज्य सरकार के निर्देशो पर आगामी 18 जुलाई तक चलाये जा रहे
गर्भवती महिलाओं के सघन हेल्थ स्क्रीनिंग अभियान के तहत प्रत्येक गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य जांच हेतु गुरुवार को जिलेभर में मातृ शिशु स्वास्थ्य एवं
पोषण दिवस का आयोजन आंगनबाड़ी केन्द्रो एवं सामुदायिक स्थानों पर आयोजित किये गये। जिसमें उत्साहपूर्वक गर्भवती महिलायें एवं प्रसुता महिलाओं सहित बच्चे
पहुंचे और प्रसव पूर्व, प्रसव पश्चात जांच सहित विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं से लाभान्वित हुये। शनिवार 18 जुलाई को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान का
जिले के चिकित्सा संस्थानों में आयोजन किया जाएगा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गौरव कपूर ने बताया कि 5 दिवसीय अभियान के अंतर्गत आज 18 जुलाई को जिले के सभी सरकारी चिकित्सा संस्थानों एवं
स्वास्थ्य केंद्रों पर जांच एवं परामर्श शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में गर्भवती महिलाओं को निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण प्रसवपूर्व स्वास्थ्य
सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण किए जाएंगे। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गर्भवती महिलाओं की विशेष
रूप से गर्भावस्था की द्वितीय और तृतीय तिमाही में प्रत्येक माह की 9 तारीख को निशुल्क एवं गुणवत्ता पूर्ण प्रसव देखभाल सेवाएं प्रदान करना है। इसके
अतिरिक्त विस्तारित प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत प्रत्येक माह की 18 व 27 तारीख को नाम आधारित उच्च जोखिम गर्भावस्था की ट्रैकिंग, अतिरिक्त
फॉलोअप विजिट, रेफरल सहायता तथा प्रसव के बाद लगातार 45 दिनों तक की जा रही है।
उन्होंने बताया कि अभियान और अभियान के दौरान प्रदान की जाने वाले सेवाओं के प्रति जागरूकता बढाना ही पीएमएसएमए का प्रमुख उद्देश्य है। ताकि सम्मानजनक और
संवेदनशील मातृ स्वास्थ्य सेवाओं को प्रोत्साहित किया जा सके। उन्होंने जिले की सभी गर्भवती महिलाओं से अपील की कि वे 18 जुलाई को अपने निकटतम सरकारी
स्वास्थ्य संस्थान पर पहुंचकर अभियान के तहत उपलब्ध निःशुल्क सेवाओं का लाभ अवश्य लें।
जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमर सिंह बताया कि 18 जुलाई को प्रत्येक मेडिकल कॉलेज, जिला व उपजिला चिकित्सालय, सीएचसी, प्रथम रेफरल इकाइयों और
पीएचसी पर पीएमएसएमए दिवस का आयोजन किया जाएगा। जिसमें प्रसूति और स्त्री रोग संबंधित सभी स्पेशलिस्ट मौजूद रहकर आवश्यक जांच व उपचार करेंगे। इसके अलावा
आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर भी विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। विशेष शिविरों में गर्भवती महिलाओं की रक्तचाप, हीमोग्लोबिन, रक्त शर्करा सहित विभिन्न
आवश्यक स्वास्थ्य जांचें की जाएंगी। साथ ही उच्च जोखिम गर्भावस्था (एचआरपी) की पहचान कर आवश्यक उपचार, परामर्श एवं रेफरल सेवाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
उन्होंने बताया कि आशा, एएनएम एवं अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को अधिकाधिक गर्भवती महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
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